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दही हांडी रिकॉर्ड: 10-स्तरीय मानव पिरामिड बनाकर नया कीर्तिमान स्थापित

दही हांडी रिकॉर्ड

मुंबई में दही हांडी समारोह का जोश हमेशा की तरह आसमान छू रहा है। दही हांडी रिकॉर्ड बनाने की होड़ में, जोगेश्वरी के कोंकण नगर गोविंदा पथक ने थाने में 10-स्तरीय मानव पिरामिड बनाकर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। यह त्योहार भगवान कृष्ण की नटखट और चंचल अदाओं को दर्शाता है। यह उत्सव टीम वर्क और उत्साह का प्रतीक है। यह साल का एक ऐसा त्योहार है जो पूरे देश में जोश भर देता है। इस भव्य समारोह से पहले, कलाकारों की एक स्पेनिश टीम दही हांडी महोत्सव में भाग लेने के लिए महाराष्ट्र पहुँच गई है।

  • दही, मक्खन या अन्य डेयरी उत्पादों से भरी मटकी ऊँचाई पर लटकाई जाती है।
  • गोविंदाओं की टोलियाँ मानव पिरामिड बनाकर मटकी तक पहुँचती हैं।
  • यह आयोजन तेज संगीत और जयकार करती भीड़ के साथ मनाया जाता है।

ऑपरेशन सिंदूर: सैनिकों का सम्मान

घाटकोपर में एक विशेष दही हांडी कार्यक्रम ऑपरेशन सिंदूर के सैनिकों के सम्मान में आयोजित किया गया। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि इस कार्यक्रम में सशस्त्र बलों की बहादुरी का जश्न मनाया गया। भाजपा विधायक राम कदम द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में फडणवीस ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि हमारे सैनिकों ने पाकिस्तान के पापों की ‘हांडी’ तोड़ दी। यह सम्मान उन सैनिकों के लिए था जिन्होंने देश की सेवा में अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कृष्ण वेश में सजे बच्चों को खीर खिलाकर और उपहार देकर जन्माष्टमी मनाई।

  • यह आयोजन सशस्त्र बलों की बहादुरी का जश्न मनाने के लिए था।
  • मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी इस समारोह में हिस्सा लिया।
  • प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सैनिकों ने बहादुरी का प्रदर्शन किया।

दुखद हादसा: गोविंदा की मौत और कई घायल

मुंबई में दही हांडी रिकॉर्ड बनाने के दौरान एक दुखद घटना भी हुई। मानखुर्द में एक 32 वर्षीय व्यक्ति की दही हांडी की रस्सी बाँधते समय गिरने से मौत हो गई। मृतक की पहचान जगमोहन शिवकिरण चौधरी के रूप में हुई है, जो अपने घर की पहली मंजिल की खिड़की से रस्सी बाँध रहे थे। मुंबई भर में मानव पिरामिड बनाते समय 30 अन्य प्रतिभागी, जिन्हें ‘गोविंदा’ के नाम से जाना जाता है, घायल हो गए। इनमें से 15 को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जबकि बाकी का इलाज करके छुट्टी दे दी गई। इस बीच, बीएमसी ने घायल गोविंदाओं को मुफ्त इलाज की पेशकश की है। यह कदम यह सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है कि किसी को भी आर्थिक कारणों से उपचार से वंचित न होना पड़े। दही हांडी रिकॉर्ड से जुड़ी यह घटना सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े करती है।

  • एक 32 वर्षीय व्यक्ति की मानखुर्द में दही हांडी बांधते समय गिरकर मौत हो गई।
  • शहर भर में मानव पिरामिड बनाते समय 30 गोविंदा घायल हो गए।
  • घायल गोविंदाओं को बीएमसी अस्पतालों में मुफ्त इलाज की पेशकश की गई।

सुरक्षा और सावधानी: एक आवश्यक कदम

यह उत्सव खुशी और उत्साह का प्रतीक है। लेकिन सुरक्षा के नियमों का पालन करना बहुत ज़रूरी है। दही हांडी रिकॉर्ड बनाने की होड़ में सुरक्षा से समझौता नहीं होना चाहिए। सरकार ने दही हांडी में भाग लेने वाले 1.5 लाख गोविंदाओं के लिए बीमा कवरेज की घोषणा की है। इसके तहत, मृत्यु होने पर मृतक के परिजनों को ₹10 लाख का भुगतान मिलेगा। बॉम्बे उच्च न्यायालय के अनुसार, 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को इस उत्सव में भाग लेने की अनुमति नहीं है। सुरक्षा के ये उपाय उत्सव को सुरक्षित और जिम्मेदार बनाने के लिए आवश्यक हैं। ठाणे और नवी मुंबई की यातायात पुलिस ने समारोह के लिए वैकल्पिक मार्गों की भी घोषणा की।

  • सरकार ने गोविंदाओं के लिए बीमा कवरेज की घोषणा की है।
  • यह सुनिश्चित किया गया है कि किसी भी दुर्घटना की स्थिति में आर्थिक सहायता मिले।
  • 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को दही हांडी में भाग लेने की अनुमति नहीं है।
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