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9 करोड़ का कर्ज और जेल: राजपाल यादव के मसीहा बने सोनू सूद !

9 करोड़ का कर्ज

बॉलीवुड के दिग्गज कॉमेडियन राजपाल यादव के जीवन का सबसे कठिन दौर शुरू हो गया है। लंबे समय से चल रहे 9 करोड़ का कर्ज और चेक बाउंस के मामले में आखिरकार उन्हें दिल्ली की तिहाड़ जेल में अपनी छह महीने की सजा काटनी पड़ रही है। इस संकट की घड़ी में बॉलीवुड के ‘मसीहा’ कहे जाने वाले सोनू सूद उनके समर्थन में खुलकर सामने आए हैं।

सोनू सूद ने न केवल राजपाल यादव को अपनी आगामी फिल्म में एक महत्वपूर्ण रोल ऑफर किया है, बल्कि पूरी फिल्म इंडस्ट्री से एकजुट होकर उनकी आर्थिक मदद करने की अपील भी की है। सूद ने सोशल मीडिया पर एक भावुक नोट साझा करते हुए स्पष्ट किया कि यह कोई चैरिटी नहीं है, बल्कि एक प्रतिभाशाली कलाकार के प्रति सम्मान है जो फिलहाल समय की मार झेल रहा है।

अता पता लापता से शुरू हुआ कानूनी विवाद और तिहाड़ में सरेंडर

राजपाल यादव की कानूनी मुश्किलों की जड़ें साल 2010 में जाकर जुड़ती हैं। उस समय उन्होंने अपनी पहली निर्देशित फिल्म ‘अता पता लापता’ के निर्माण के लिए मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से ₹5 करोड़ का लोन लिया था। दुर्भाग्य से, 2012 में रिलीज हुई यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हो गई, जिससे रीपेमेंट का संकट खड़ा हो गया।

लोन चुकाने के लिए दिए गए कई चेक बाउंस हो गए, जिसके बाद नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट की धारा 138 के तहत कानूनी कार्रवाई शुरू हुई। समय के साथ ब्याज और पेनाल्टी के कारण यह देनदारी बढ़कर 9 करोड़ का कर्ज बन गई। बार-बार कोर्ट के आदेशों और अंडरटेकिंग का पालन न करने के कारण, 5 फरवरी 2026 को दिल्ली हाई कोर्ट ने उन्हें सरेंडर करने का निर्देश दिया।

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सोनू सूद का फिल्म ऑफर: ‘यह चैरिटी नहीं, सम्मान की बात है’

राजपाल यादव के सरेंडर के बाद सोनू सूद ने एक्स (ट्विटर) पर अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने लिखा, “राजपाल यादव एक टैलेंटेड एक्टर हैं जिन्होंने हमारी इंडस्ट्री को सालों तक यादगार काम दिया है। कभी-कभी जिंदगी गलत हो जाती है, टैलेंट की वजह से नहीं, बल्कि इसलिए कि टाइमिंग बहुत खराब हो सकती है।”

सूद ने घोषणा की कि यादव उनकी अगली फिल्म का हिस्सा होंगे, जिसकी लिखाई अभी अंतिम चरण में है। उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री के प्रोड्यूसर्स, डायरेक्टर्स और साथियों से अनुरोध किया कि वे राजपाल को एक साइनिंग अमाउंट देकर भविष्य के प्रोजेक्ट्स में कास्ट करें। सोनू ने जोर दिया कि जब कोई अपना मुश्किल दौर से गुजर रहा हो, तो उसे यह याद दिलाना जरूरी है कि वह अकेला नहीं है।

सरेंडर से पहले छलका राजपाल यादव का दर्द: ‘मेरे पास पैसे नहीं हैं’

तिहाड़ जेल जाने से पहले राजपाल यादव का एक बेहद इमोशनल बयान सामने आया, जिसने उनके फैंस को झकझोर कर रख दिया। उन्होंने नम आंखों से अधिकारियों के सामने स्वीकार किया, “सर, क्या करूं? मेरे पास पैसे नहीं हैं। और कोई उपाय नहीं दिखता… सर, यहाँ हम सब अकेले हैं। कोई दोस्त नहीं है। मुझे इस संकट से अकेले ही निपटना होगा।”

अपनी वित्तीय स्थिति की गंभीरता बताते हुए उन्होंने माना कि बकाया रकम चुकाने के लिए उनके पास कोई संसाधन नहीं बचा है। उनकी इस बेबसी पर सोनू सूद ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कलाकार की आर्थिक तंगी उनके कौशल की कमी नहीं, बल्कि परिस्थितियों का परिणाम है, और ऐसे में इंडस्ट्री को उनका साथ देना चाहिए।

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चेक बाउंस मामले की पूरी क्रोनोलॉजी और कानूनी पेच

राजपाल यादव का यह केस एक दशक से अधिक समय से चल रहा है। अप्रैल 2018 में एक मजिस्ट्रेट कोर्ट ने राजपाल और उनकी पत्नी को दोषी पाया था और उन्हें छह महीने की सजा सुनाई थी। हालांकि उन्होंने फैसले को चुनौती दी, लेकिन ब्याज की वजह से 9 करोड़ का कर्ज उनके लिए एक पहाड़ जैसा बोझ बन गया। जून 2024 में उनकी सजा को कुछ समय के लिए रोका गया था और कोर्ट ने उन्हें समझौता करने का मौका दिया था।

यादव ने 2025 में लगभग ₹2.75 करोड़ (कुछ रिपोर्ट्स में ₹75 लाख) जमा भी किए थे, लेकिन कोर्ट ने पाया कि करीब 20 बार दिए गए वचनों (Undertakings) का उल्लंघन हुआ है। जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने अंततः फंड का इंतजाम करने के लिए और मोहलत देने से इनकार कर दिया।

बॉलीवुड में एकजुटता की अपील और ‘नेक दिल’ लोगों की जरूरत

सोनू सूद ने इस मुद्दे को केवल पैसे तक सीमित नहीं रखा, बल्कि इसे फिल्म कम्युनिटी की सच्ची भावना से जोड़ा। उन्होंने कहा कि एक मामूली साइनिंग फीस, जिसे भविष्य के काम के साथ एडजस्ट किया जा सके, राजपाल यादव को अपनी इज्जत बनाए रखने और वित्तीय रूप से ठीक होने में मदद करेगी।

सूद ने साबित करने पर जोर दिया कि बॉलीवुड सिर्फ पैसा कमाने वाली जगह नहीं है, बल्कि नेक दिल लोगों से भरी हुई है जो अपने साथियों के लिए खड़े होना जानते हैं। उन्होंने अन्य फिल्ममेकर्स से भी राजपाल को काम देने का आग्रह किया ताकि वे जेल से बाहर आने के बाद अपने जीवन को फिर से पटरी पर ला सकें।

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राजपाल यादव का शानदार करियर और आने वाले प्रोजेक्ट्स

करीब दो दशकों से अधिक समय से हिंदी सिनेमा में अपनी कॉमेडी से सबको हंसाने वाले राजपाल यादव एक जाना-माना नाम हैं। उन्होंने ‘भूल भुलैया’ जैसी कई ब्लॉकबस्टर फिल्मों में यादगार भूमिकाएं निभाई हैं। जेल जाने से पहले वे ‘बेबी जॉन’ और ‘इन्टरोगेशन’ जैसी फिल्मों में नजर आए थे।

उनके फैंस के लिए एक राहत भरी खबर यह है कि वे अक्षय कुमार की आगामी हॉरर-कॉमेडी ‘भूत बांग्ला’ में भी दिखाई देंगे, जो 10 अप्रैल 2026 को रिलीज होने वाली है। 9 करोड़ का कर्ज होने के बावजूद, सोनू सूद जैसे साथियों का समर्थन उनके करियर की नई पारी के लिए एक उम्मीद की किरण बनकर उभरा है।

इंडस्ट्री की जिम्मेदारी: काम के जरिए मदद करने का नया मॉडल

सोनू सूद ने एक विशेष बातचीत में बताया कि राजपाल भाई के साथ उन्होंने पहले भी काम किया है और अब वे उनके प्रोजेक्ट का अनिवार्य हिस्सा होंगे। उन्होंने कहा, “एक कलीग के तौर पर उनकी मदद करना हमारी जिम्मेदारी है।” सूद का यह मॉडल कि ‘काम दो, भीख नहीं’, फिल्म इंडस्ट्री में एक नई मिसाल पेश कर रहा है।

उन्होंने अन्य प्रोड्यूसर्स को भी इसी रास्ते पर चलने की सलाह दी ताकि राजपाल इस बुरे समय से बाहर आ सकें। यह देखना दिलचस्प होगा कि सोनू सूद की इस मार्मिक अपील के बाद बॉलीवुड के अन्य दिग्गज राजपाल यादव की मदद के लिए किस तरह हाथ आगे बढ़ाते हैं।

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