Loading Now

मध्य रेलवे के दूरदर्शी नेता विजय कुमार का मुंबई में दुखद निधन: रेलवे शोक में

रेलवे के दूरदर्शी नेता

मध्य रेलवे के दूरदर्शी नेता, श्री विजय कुमार का मंगलवार तड़के मुंबई में अचानक निधन हो गया। लगभग एक महीने पहले ही कार्यभार संभालने वाले मध्य रेलवे के महाप्रबंधक श्री विजय कुमार के निधन की खबर से भारतीय रेलवे में शोक की लहर दौड़ गई है।

11 नवंबर, 2025 को हुई यह अप्रत्याशित घटना रेलवे क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है। प्रारंभिक रिपोर्टों से पता चलता है कि यह हृदय गति रुकना (कार्डियक अरेस्ट) का मामला हो सकता है, जो नींद में हुआ। हालांकि, रेलवे अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि मृत्यु का अंतिम और सही कारण पोस्टमार्टम के बाद ही पता चल पाएगा।

वरिष्ठ रेलवे अधिकारी कुमार को जसलोक अस्पताल ले जाया गया था, जहाँ चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मध्य रेलवे द्वारा सोशल मीडिया पर जारी एक आधिकारिक संदेश में कहा गया, “मध्य रेलवे के हमारे प्रिय महाप्रबंधक, श्री विजय कुमार का आज सुबह निधन हो गया।

मध्य रेलवे एक महान आत्मा, एक कुशल प्रशासक और एक प्रेरक नेता के निधन पर शोक व्यक्त करता है, जिनका भारतीय रेलवे में योगदान हमेशा हमारे बीच याद किया जाएगा।”

इसे भी पढ़े :-पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव 36 साल बाद रिटायर

मुश्किल से एक महीने का कार्यकाल, लेकिन गहरी छाप

भारतीय रेलवे यांत्रिक इंजीनियर सेवा (IRSME) के 1988 बैच के एक सम्मानित अधिकारी विजय कुमार ने इसी वर्ष 1 अक्टूबर, 2025 को मध्य रेलवे के महाप्रबंधक का पदभार ग्रहण किया था।

मुंबई में उनका यह कार्यकाल बहुत छोटा रहा, मुश्किल से एक महीने का। अधिकारियों ने कुमार की उम्र का खुलासा नहीं किया, लेकिन इस आकस्मिक निधन ने रेलवे प्रशासन को स्तब्ध कर दिया है।

यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिस मध्य रेलवे के दूरदर्शी नेता के रूप में उन्होंने अपना नया सफ़र शुरू किया था, वह इतना अल्पकालिक रहा।

इसे भी पढ़े :-भारत का नया रेल-आधारित निवारक: अग्नि-प्राइम से बढ़ी परमाणु क्षमता

चित्तरंजन लोकोमोटिव वर्क्स में रिकॉर्ड तोड़ नेतृत्व

मध्य रेलवे में आने से पहले, श्री विजय कुमार चित्तरंजन लोकोमोटिव वर्क्स (CLW) के महाप्रबंधक के रूप में कार्यरत थे। चित्तरंजन लोकोमोटिव वर्क्स में उनका नेतृत्व ऐतिहासिक रहा।

उनके मार्गदर्शन और कुशल प्रशासन में, CLW ने 2024-25 में रिकॉर्ड तोड़ 700 इंजनों का उत्पादन किया, जो उनकी नेतृत्व क्षमता का स्पष्ट प्रमाण है।

इतना ही नहीं, उनके कार्यकाल में सीएलडब्ल्यू ने चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में भी 777 इकाइयों के लक्ष्य के मुकाबले 417 इंजन पहले ही भेज दिए थे।

हाई-स्पीड और सेमी-हाई-स्पीड कॉरिडोर में अहम योगदान

श्री कुमार के 35 वर्षों से भी अधिक के शानदार करियर के दौरान, उन्होंने भारतीय रेलवे में कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है। उन्होंने राष्ट्रीय उच्च गति रेल निगम लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) में कार्यकारी निदेशक और निदेशक (रोलिंग स्टॉक) के रूप में भी योगदान दिया था।

वह भारत के सेमी-हाई-स्पीड कॉरिडोर विकास का भी एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहे थे। अपने कार्यकाल के दौरान, उन्होंने स्पेन में डिज़ाइन की गई टैल्गो ट्रेनों के गति परीक्षणों का भी सफलतापूर्वक पर्यवेक्षण किया था, जिसने भारतीय रेल की गति क्रांति में एक नया अध्याय जोड़ा।

इसे भी पढ़े :-प्रधानमंत्री मोदी ने वाराणसी से 4 नई वंदे भारत ट्रेनें राष्ट्र को समर्पित कीं

उच्च शिक्षा और उन्नत प्रशिक्षण की पृष्ठभूमि

विजय कुमार ने चंडीगढ़ स्थित प्रतिष्ठित पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बी.टेक. की उपाधि प्राप्त की थी। शैक्षिक रूप से मज़बूत होने के साथ ही, उन्होंने सिंगापुर और मलेशिया में उन्नत प्रबंधन कार्यक्रमों में भी प्रशिक्षण प्राप्त किया था, जिसने उन्हें एक आधुनिक और कुशल प्रशासक बनने में मदद की।

इस तरह, रेलवे के दूरदर्शी नेता ने ज्ञान और अनुभव के समन्वय से भारतीय रेलवे को नई दिशा दी।

35 साल का प्रतिष्ठित करियर: विभिन्न महत्वपूर्ण भूमिकाएं

भारतीय रेलवे यांत्रिक इंजीनियर सेवा के अधिकारी के रूप में, कुमार ने रेलवे बोर्ड, उत्तर रेलवे, उत्तर पश्चिम रेलवे और अनुसंधान डिजाइन और मानक संगठन (आरडीएसओ) में भी कई प्रमुख पदों पर कार्य किया।

उनके 35 साल के करियर में विभिन्न भूमिकाएँ शामिल रहीं, जो भारतीय रेलवे के विभिन्न पहलुओं को मज़बूती देने पर केंद्रित थीं। उनका अनुभव भारतीय रेल के हर कोने तक फैला हुआ था।

पीछे छोड़ गए भरा-पूरा परिवार

मध्य रेलवे के दूरदर्शी नेता श्री विजय कुमार अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके परिवार में उनकी पत्नी, एक बेटा और एक बेटी हैं।

उनके आकस्मिक निधन से न केवल रेलवे क्षेत्र में, बल्कि उनके निजी जीवन में भी एक बड़ा शून्य पैदा हो गया है, जिसे भर पाना असंभव है।

इसे भी पढ़े :-सहरसा मुंबई ट्रेन सेवा : PM मोदी ने अमृत भारत एक्सप्रेस को दिखाई हरी झंडी

भारतीय रेलवे एक महान आत्मा के निधन पर शोक व्यक्त करता है

मध्य रेलवे के महाप्रबंधक और भारतीय रेलवे में एक महत्वपूर्ण व्यक्ति, श्री विजय कुमार का निधन रेलवे क्षेत्र में एक अपूरणीय शून्य पैदा करता है।

उनका नेतृत्व, कुशल प्रशासन और उच्च गति रेल परियोजनाओं को आगे बढ़ाने का उनका जुनून हमेशा याद किया जाएगा। उनका योगदान आने वाली पीढ़ियों के लिए एक प्रेरणा बना रहेगा।

Spread the love

Post Comment

You May Have Missed